ना बेबी बंप- ना पीरियड मिस, सरदर्द के कारण पहुंची अस्पताल, 4 दिन बाद आया होश तो बन चुकी थी मां..!

मां बनना एक ऐसा एहसास होता है, जिसे हर लड़की जीना चाहती हैं। किसी को नया जन्म देकर संसार में लेकर आने का जो एहसास होता है उस एहसास को जीना खुद में ही काफी खास होता है। जब महिला प्रेगनेंट होती है तो उसे बहुत सी बातों का ख्याल रखना होता है। क्योंकि उसके साथ एक नन्हीं सी जान उसके पेट में पल रही होती है। जिसे इस दुनिया में आना होता है। 9 महीनों तक एक नन्हीं सी जान को अपने पेट में रखना फिर उसको जन्म देना एक ऐसा एहसास है जो केवल वहीं समझ सकता है जिसने इसे खुद महसूस किया हो। मगर तब क्या हो जब आपको पता ही ना हों कि आपके अंदर कोई नन्हीं सी जान पल रही है।

loading...
सुनकर अजीब लग रहा होगा ना कि ऐसा कैसे हो सकता है। मगर हम आपको एक ऐसी लड़की के बारे में बताएंगे जो मां बन गई लेकिन उससे भी अधिक अचरज की बात ये थी की नौ महीनों तक ना उसके पीरियड्स मिस हुए, ना ही उसका पेट निकला और ना ही कुछ ऐसा हुआ जो उसे ये एहसास दिला पाए की वो मां बनने वाली हैं।

ये कहानी है ग्रेटर मैनचेस्टर के ओल्डहैम की इबोनी स्टीवेन्सन की, जिनकों इस बात का जरा भी अंदाजा नहीं था की वो प्रेगनेंट हैं। दरअसल हुआ कुछ यूं की इबोनी को बहुत समय से सर में दर्द था। जिसके इलाज के लिए वो हॉस्पिटल पहुंची थी। हॉस्पिटल पहुंचने के पश्चात वो कोमा में चली गईं और चार दिन बाद उनको जब होश आया तो उनको पता लगा कि वो एक बच्ची की मां बन गई हैं।

इबोनी अभी कॉलेज में स्पोर्ट्स फिजियोथेरेपी की पढ़ाई कर रही है। इबोनी ने बताया कि ना तो उनके पीरियड्स मिस हुए और ना ही उनको बेबी बंप था। मगर इसके बावजूद भी वो मां बन गई, इस बात पर यकीन करना इबोनी के लिए काफी कठिन था।

यूटेरस डाइडेलफिस बीमारी से पीड़ित थी इबोनी

जब इबोनी अस्पताल में एडमिट हुई और कोमा में चली गई तो डॉक्टर्स ने उनके टेस्ट किए, जिसमें सामने आया कि इबोनी यूटेरस डाइडेलफिस नाम की मेडिकल कंडीशन से पीड़ित हैं। इस बीमारी में महिला के शरीर में दो यूटेरस होते हैं जिनमें से एक छिपा होता है। यह बीमारी 3000 में किसी एक महिला को होती है। इबोनी के एक ही यूटेरस में अंडे को रखने के लिए फैलोपियन ट्यूब थी जबकि दूसरे में नहीं। इस प्रकार की कंडीशन में मां बनने की संभावनाएं कम होती हैं।

डॉक्टरों ने जांच में पाया कि इबोनी प्री एक्लेमप्सिया से पीड़ित हैं। जिसके पश्चात डॉक्टरों ने उनकी मां को बताया और जल्द ही डिलीवरी करने की बात कही। जिसके बाद इबोनी की सर्जरी हुई और उन्होंने एक गर्ल बेबी को जन्म दिया। जब 4 दिन बाद इबोनी को होश आया तो उनको पता लगा कि वो मां बन चुकी हैं।

होश आया तो पता लगा बन गई हैं मां 

पहले तो इबोनी को ये बात सुनकर इस पर बिल्कुल विश्वास नहीं हुआ। इबोनी ने बताया, जब मैं जगी तो मुझे याद है कि नर्स मुझे बताने लगीं कि मुझे बच्चा हुआ है और इससे पहले कि मैं कुछ बोल पाती, उन्होंने बच्ची को मेरे सीने पर रख दिया। अब भले ही सुनने में अजीब लगे मगर मैंने उनसे बच्ची को दूर ले जाने के लिए कहा क्योंकि मुझे लगा कि उन्हें कोई गलतफहमी हुई है। बाद में मेरी मां और डॉक्टर्स ने उनको उनकी बीमारी के बारे में बताया।