81 के रतन टाटा आज भी उड़ाते हैं प्लेन, 65 प्रतिशत कमाई करते हैं दान, शादी को लेकर सदैव रहा बेड लक..!

रतन टाटा देश के सबसे फेमस और ईमानदार बिजनेसमैन रहे हैं। आपको जान हैरानी होगी कि रतन टाटा ने अपने जीवन में कई करोड़ से लेकर अरबों रुपए तक कमाए हैं मगर इसके बावजूद उनकी निजी संपत्ति की कीमत 100 करोड़ से अधिक नहीं हैं। इसकी एक वजह ये हैं कि वे आज तक अपनी कमाई का 65 फीसदी हिस्सा समाजसेवा में लगाते आए हैं। 28 दिसंबर 1937 में जन्मे रतन टाटा आज 81 वर्ष के हैं और अपने काम से रिटायरमेंट ले चुके हैं। हालाँकि गाड़ियों को लेकर उनके शौक आज भी कम नहीं हुए हैं। हाल ही में दिए एक इंटरव्यू में उन्होंने अपने निजी जीवन से समबंधित कई सारी रोचक बातें बताई हैं। आज हम आपको उसी के बारे में बताने जा रहे हैं।

प्लेन और कारो का हैं तगड़ा शौक
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रतन टाटा बताते हैं कि आज भी वे 60 के दशक की पुरानी और नए जमाने की आधुनिक दोनों ही टाइप्स की कारें खरीद कर कलेक्शन में रखते हैं। ऐसा वे इसलिए करते हैं ताकि इन कारो के मैकेनिक्स तथा स्टाइल को पढ़ सके। इसके अतिरिक्त वे प्लेन और हेलिकॉप्टर भी उड़ाते हैं। जब भी वे पुणे जाते हैं तो इनका ही इस्तेमाल करते हैं।

खेल-संगीत में रूचि, पर फ़िल्में देखने नहीं जाते थिएटर
रतन टाटा को स्पोर्ट्स में फुटबॉल, टेनिस और गोल्फ देखना बहुत अच्छा लगता हैं, हालाँकि वे कहते हैं कि मैं सिर्फ खिलाड़ियों की प्रतिभा को देखता हूँ उनके नाम मुझे याद नहीं रहते हैं। संगीत की बात करे तो उन्हें 60 और 70 के दशक का म्यूजिक पसंद हैं। वे शास्त्रीय संगीत बजाने की इच्छा भी रखते हैं मगर अभी इसमें माहिर नहीं हैं। फिल्मों की बात करे तो वे सिर्फ टीवी पर देख लिया करते हैं, थिएटर वगैरह ना के बराबर ही जाते हैं।

कुत्तों से हैं प्यार
रतन जी को कुत्तों से बहुत लगाव हैं। उनके घर दो जर्मन शेफर्ड हैं। इसके अलावा वे जल्द ही नवी मुंबई में कुत्तों का एक अस्पताल भी बनवाने जा रहे हैं। वे कोलाबा के यूएस क्लब का हिस्सा भी रह चुके हैं। वहां जाकर कुत्तों को खिलाया करते थे। हालाँकि फिर उन्हें पता चला कि उन लोगो ने कुछ कुत्तों को जहर देकर मार दिया हैं तो तब से उन्होंने वहां जाना बंद कर दिया।

मजदूरों के साथ करते थे काम
जब रतन टाटा ने कंपनी की शुरुआत की थी तब वे मजदूरो के साथ काम किया करते थे। वे चाहते तो कंपनी में ऊँची पोजीशन पर ही बने रहते मगर उनके मन में मजदूरों के जीवन को जानने की जिज्ञासा थी। इस कारण वे कुछ वक्त उनके साथ ही काम करते रहे।

चार बार होते होते रह गई शादी
शादी के मामले में रतन टाटा का लक अधिक ख़ास नहीं रहा हैं। उनकी शादी चार बार तय हुई थी लेकिन किसी ना किसी कारण कैंसिल हो गई। रतन टाटा एक किस्सा शेयर करते हुए बताते हैं कि एक बार जब में अमेरिका में था तो शादी बस होने ही वाली थी मगर तब भारत और चीन के बीच युद्ध शुरू हो गया था। ऐसे में मेरी दादी ने मुझे इंडिया बुला लिया था। बाद में पता चला कि उस लड़की ने किसी और से शादी रचा ली हैं। इस प्रकार बाकी मामलो में भी उनकी शादी ना हो पाई और वे आज तक कुंवारे ही हैं।