दो महीने पहले घर से भागकर किया था शादी, अब गाँव लौटें तो घरवालों ने पकड़कर कर दिया ये काम

थाना क्षेत्र के गोरयबखार गांव में एक ही समुदाय के प्रेमी जोड़े की शादी परिजनों की आपसी सहमति के बाद कर दी गई। बताया जाता है कि दोनों के बीच करीब एक साल से प्रेम संबंध था। दोनों परिवार के आपसी रजामंदी के बाद थाना मोड़ गिदियाही शिव मंदिर में मंगलवार देर रात उनकी शादी हुई। थाना क्षेत्र के विश्रामपुर पंचायत के गोरयाबखार निवासी पीताम्बर लकड़ा के 22 वर्षीय पुत्र विकास कुमार व उसी गांव के शिवलाल कुजूर की पुत्री 18 वर्षीय अर्चना कुजूर के बीच एक साल से प्रेम संबंध चल रहा था। 
loading...
पिछले 10 मई को दोनों एक साथ घर से भागकर छतीसगढ़ के बलरामपुर जिला में रह रहे थे। दोनों परिजनों के पहल पर 23 मई को घर लौटे। उसके एक सप्ताह बाद लड़का ने शादी से इनकार कर दिया। लड़की पक्ष ने पंचायत के मुखिया के पास फरियाद किया। मुखिया सुधीर कुजूर ने दोनों पक्ष के साथ शादी को लेकर पंचायती किया। 

उसमें लड़का पक्ष को शादी करने का निर्देश दिया गया। उसके बाद भी दो दिनों तक लड़का पक्ष ने शादी से इनकार करता रहा। उसके बाद लड़की पक्ष ने मामले को थाना ले जाने की चेतावनी दी। उसके बाद लड़का पक्ष शादी के लिए राजी हुआ। बाद में दोनों के परिजन ने रंका मंदिर शादी के लिए देर रात पहुंचे। मौके पर पंचायत के मुखिया के अलावा अर्जुन, बिनीता कुजूर, अनिता कुजूर, पीतांबर कुजूर सहित गांव के अन्य लोग मौजूद थे।