सास ने कराई अपनी बहू की दूसरी शादी, बोली ‘मुझे बहू से प्यार हैं, उसे इतनी कम उम्र में..’

सास बहू के बीच का रिश्ता अक्सर बदनाम ही रहा हैं. कहते हैं इन दोनों के बीच आपस में बनना नामुमकिन हैं. हालाँकि ऐसा नहीं हैं. इस दुनियां में कुछ अच्छी सास भी होती हैं. जो हमेशा अपनी बहू का भला ही चाहती हैं. आज हम आपको एक ऐसी ही सास से मिलाने जा रहे हैं. आपको जान गर्व होगा कि इस सास ने अपनी विधवा बहू के दुःख को कम करने के लिए खुद ही उसकी दूसरी शादी करवा दी. ये पूरा मामला ओड़िसा के अंगुल जिले का हैं. यहाँ के तालचेर के गोबरा गाँव की पूर्व सरपंच प्रतिमा बेहरा ने अपने बेटे रश्मिरंजन का विवाह इसी साल फ़रवरी में तुरंगा गाँव कि रहने वाली लिली बेहरा के साथ करवाया था.
loading...
हालाँकि शादी के कुछ महीनो बाद रश्मिरंजन की एक कोयले की खदान में हादसे की वजह से जान चली गई. बेटे के निधन से पुरे परिवार पर दुःख के बाद छा गए. माँ के साथ साथ रश्मिरंजन की बीवी लिली का भी रो रो कर बुरा हाल था. एक सास से अपने बहू का ये दुःख देखा नहीं गया. ऐसे में उसने उसकी दोबारा शादी कराने की सोची. इसके लिए उसने अपने भाई के बेटे संग्राम बेहरा को चुना. शुरूआती बातचीत के बाद सभी इसके लिए राजी हो गए. इसके बाद 11 सितंबर को जिले के राजकिशोरपाड़ा मंदिर में दोनों की शादी करवा दी गई. इस दौरान लिली के ससुराल और मायके वाले भी मौजूद थे.

इस नेक काम के बारे में प्रतिमा जी नम आँखों से कहती हैं “मैंने हादसे में अपना बेटा खो दिया, इस नुकसान की भरपाई तो कभी नहीं हो सकती. हालाँकि मुझे अपनी बहू से भी प्यार हैं. मैं चाहती हूँ कि वो एक सुखद जीवन व्यतीत करे. मेरे लिए उसे इतनी कम उम्र में रोते हुए और दुखी देखना काफी मुश्किल हैं. इसलिए मैंने निर्णय लिया कि मैं अपनी बहू की दूसरी शादी करवाउंगी.”
प्रतिमा जी के इस नेक काम और सोच की सभी लोग तारीफे कर रहे हैं. उन्होंने समाज की पुरानी सोच को बदला हैं. एक सास होते हुए भी अपनी बहू को प्यार और मान सम्मान दिया हैं. यदि समाज में मौजूद सभी लोग इसी तरह सोचने लगे तो सोसाईटी में काफी बदलाव लाया जा सकता हैं. एक विधवा के लिए जिंदगी आसान नहीं होती हैं. उसका भाग्य खराब था इस वजह से पति का साथ नहीं मिल सका. लेकिन इसमें उसकी कोई गलती नहीं हैं. उसके जीवन को सुधार जा सकता हैं. दोबारा पटरी पर लाया जा सकता हैं. इसके लिए समाज के लोगो को आगे आना चाहिए और इस तरह के कामो में सहयोग प्रदान करना चाहिए.

एक तरफ तो हम लोग न्यूज़ सुनते हैं कि फलानी बहू पर सास ने अत्याचार किया हैं और फिर बहू की दूसरी शादी कराने वाली सास की खबर भी आती हैं. ऐसे में सभी लोगो को प्रतिमा जी से सिख लेनी चाहिए. हमें एक अच्छा इंसान बनने की कोशिश करना चाहिए. यही एक सुखद जीवन की कुंजी हैं. वैसे इस पुरे मामले पर आपकी क्या राय हैं हमें कमेंट में जरूर बताए.